एक उपयोगी मुख्य बात
- केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि उसे अंग्रेजी को "स्वदेशी" भाषा के रूप में वर्गीकृत करने पर आपत्ति है।
ARTICLE PREVIEW
Gist केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया कि वह पाठ्यक्रम की त्रिभाषा योजना के तहत अंग्रेजी को स्वदेशी या "मूल" भाषा के रूप में वर्गीकृत करने का विरोध करती है। इसके साथ ही, केंद्र ने न्यायालय को आश्वासन दिया कि वह वर्तमान कक्षा 6 के छात्रों को भविष्य की केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड सीबीएसई कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षाओं में अनिवार्य तृतीय-भाषा के पेपर से एकमुश्त छूट देने पर सक्रिय रूप से विचार कर रहा है। उम्मीदवारों को इस घटनाक्रम पर नज़र रखनी चाहिए क्योंकि यह अनिवार्य भाषा नीतियों को लागू करने में आने वाली व्यावहारिक और बुनियादी ढांचे की बाधाओं को उजागर करता है, साथ ही भारत में अंग्रेजी के भाषाई वर्गीकरण पर चल रही बहस को भी सामने लाता है। Background - त्रिभाषा योजना शिक्षा में भाषा से संबंधित एक ऐतिहासिक नीति है जिसके तहत आमतौर पर बहुभाषावाद को बढ़ावा देने के लिए छात्रों को अपनी मातृभाषा, एक अन्य आधुनिक भारतीय स्वदेशी भाषा और एक तीसरी भाषा अक्सर अंग्रेजी या कोई अन्य भारतीय भाषा का अध्ययन करना आवश्यक होता है। - हाल ही के सीबीएसई दिशा-निर्देशों…
आपका learner access जाँचा जा रहा है…
हम आपका session सुरक्षित रूप से restore कर रहे हैं। पूरा article अपने-आप खुल जाएगा।